मरीजों और वरिष्ठ नागरिकों की सुविधा हेतु मैदागिन-गोदोलिया मार्ग पर विशेष ई-रिक्शा सेवा की मांग।
काशी व्यापार प्रतिनिधि मंडल न्याय मंच ने पुलिस प्रशासन को सौंपा ज्ञापन, “ग्रीन कार्ड” व्यवस्था लागू करने का सुझाव।
वाराणसी। प्राचीन काशी क्षेत्र में लागू यातायात प्रतिबंध के कारण मरीजों, वरिष्ठ नागरिकों एवं आम नागरिकों को हो रही कठिनाइयों को लेकर काशी व्यापार प्रतिनिधि मंडल न्याय मंच ने प्रशासन से विशेष व्यवस्था लागू करने की मांग की है। इस संबंध में संगठन के पदाधिकारियों ने अध्यक्ष सोना लाल सेठ के नेतृत्व में पुलिस उपायुक्त काशी जोन श्री गौरव बंशवाल से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में कहा गया कि कोतवाली एवं चौक थाना क्षेत्र की अधिकांश आबादी संकरी गलियों में निवास करती है, जहां वाहनों के प्रवेश पर रोक होने के कारण आपात स्थिति में मरीजों को अस्पताल पहुंचाने तथा वरिष्ठ नागरिकों को स्टेशन एवं अन्य आवश्यक स्थानों तक आने-जाने में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
संगठन की ओर से सुझाव दिया गया कि मैदागिन-गोदोलिया मार्ग पर दोनों ओर चार-चार ऑटो अथवा ई-रिक्शा चालकों को “ग्रीन कार्ड” जारी किया जाए, ताकि वे गलियों में प्रवेश कर मरीजों एवं वरिष्ठ नागरिकों को सुरक्षित उनके गंतव्य तक पहुंचा सकें।
ज्ञापन में यह भी मांग की गई कि चयनित वाहन चालकों की न्यूनतम आयु 50 वर्ष निर्धारित की जाए। साथ ही उनके पास स्वयं का वाहन होना चाहिए तथा दो गणमान्य नागरिकों की संस्तुति भी अनिवार्य की जाए। संगठन ने किराया दर प्रशासन द्वारा निर्धारित करने तथा वाहनों के दुरुपयोग को रोकने के लिए संबंधित थानों एवं स्थानीय नागरिकों की निगरानी व्यवस्था सुनिश्चित करने का भी सुझाव दिया।
काशी व्यापार प्रतिनिधि मंडल न्याय मंच ने प्रशासन से इस मानवीय समस्या पर संवेदनशीलता दिखाते हुए शीघ्र समाधान निकालने की मांग की है।
इस दौरान अध्यक्ष सोना लाल सेठ, महामंत्री महेश चंद्र महेश्वरी, वरिष्ठ उपाध्यक्ष केसरी नंदन, वरिष्ठ उपाध्यक्ष शैलेंद्र कुमार सिंह, वरिष्ठ उपाध्यक्ष राजेश सोनी, कोषाध्यक्ष मनोज सिंह सहित बड़ी संख्या में व्यापारीगण उपस्थित रहे।
