पथ विक्रेता अधिनियम 2014 की धारा 3.3 का अनुपालन करें पुलिस प्रशासन : अभिषेक निगम
वाराणसी, 5 मई 2026।

पुलिस उत्पीड़न से परेशान फेरी-पटरी और ठेला व्यवसायी मंगलवार को बड़ी संख्या में नगर निगम मुख्यालय पहुंचे और अपनी समस्याओं को लेकर विरोध जताया। इस दौरान राष्ट्रीय फेरी पटरी ठेला व्यवसायी महासंघ के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक निगम के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल को ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में बताया गया कि पथ विक्रेता (आजीविका संरक्षण एवं विनियमन) अधिनियम, 2014 की धारा 3(3) के अनुसार, जब तक सभी स्ट्रीट वेंडरों का विधिवत सर्वे कर उन्हें प्रमाण पत्र जारी नहीं किया जाता, तब तक उन्हें उनके स्थान से हटाया नहीं जा सकता। इसके बावजूद पुलिस द्वारा लगातार वेंडरों का सामान जब्त करने और उन्हें प्रताड़ित करने की शिकायतें सामने आ रही हैं, जो कानून का उल्लंघन है। इससे व्यवसायियों में भय और असुरक्षा का माहौल बना हुआ है।

इस दौरान फेरी-पटरी व्यवसायियों ने टाउन वेंडिंग कमेटी अध्यक्ष को चार सूत्रीय मांग पत्र भी सौंपा। प्रमुख मांगों में शहर के 63 वेंडिंग जोन को सुरक्षित करने, पुलिस उत्पीड़न पर रोक लगाने, लहरतारा–चौकाघाट फ्लाईओवर के नीचे नाइट मार्केट को पुनः शुरू कर वेंडिंग जोन विकसित करने तथा प्रस्तावित स्ट्रीट फूड हब में सभी व्यवसायियों को समुचित स्थान देने की मांग शामिल है।
नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुनते हुए आगामी 8 मई 2026 को दोपहर 12 बजे टाउन वेंडिंग कमेटी की बैठक बुलाने के निर्देश दिए। उन्होंने आश्वासन दिया कि अधिनियम के प्रावधानों का पालन सुनिश्चित किया जाएगा और किसी भी फेरी-पटरी व्यवसायी का अनावश्यक उत्पीड़न नहीं होने दिया जाएगा।
ज्ञापन सौंपने वालों में महानगर अध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद सिंह, कार्यवाहक अध्यक्ष हरिशंकर सिंह, संरक्षक डॉ. अनिल कुमार, डॉ. गौरव प्रकाश, अनमोल निगम, मुन्ना शाह, शीला देवी, प्रेमचंद पांडे, मनोज यादव, मनोज गुप्ता, नूर मोहम्मद, प्रकाश सोनकर, राजू केसरी, मुन्ना खान, श्याम सोनकर, विकास यादव, चमेली देवी, मनोज जायसवाल, रामचंद्र प्रजापति, सुभाष भारद्वाज, विजय यादव समेत सैकड़ों लोग मौजूद रहे।
