धारा लक्ष्य समाचार पत्र
अमेठी। अखिल विश्व गायत्री परिवार शांतिकुंज हरिद्वार के तत्वावधान में बच्चों के मस्तिष्क में भारतीय संस्कृति की महत्ता को समझने व तदनुकुल आचरण करने की ओर प्रेरित करने के उद्देश्य से जनपद के समस्त तेरह विकास खंडों के अलग अलग विद्यालयों में भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा सम्पन्न हुई। परीक्षा में पूरे जनपद से कुल अठारह हजार बच्चों ने प्रतिभाग किया।
शनिवार को अमेठी जनपद के सभी तेरह ब्लाकों के दो सौ छप्पन विद्यालयों में कुल अठारह विद्यार्थियों ने परीक्षा में सम्मिलित होकर भारतीय संस्कृति के प्रति अपनी रुचि जाहिर किया।अपनी भारतीय संस्कृति की महत्ता को बच्चों के मन मस्तिस्क में स्थापित कर तदनुकूल अपना व्यवहार करने ,आचरण अपनाने को प्रेरित करने के उद्देश्य से यह परीक्षा शांतिकुंज हरिद्वार के तत्वावधान में करायी गयी।
सबसे अधिक परीक्षार्थियों की संख्या जगदीशपुर और भादर ब्लाक में रही। दोनो ब्लाकों में 3500 से अधिक विद्यार्थियों ने परीक्षा दिया। अमेठी के श्री शिव प्रताप इ कॉलेज ने 2200 बच्चों ने परीक्षा दी । भारतीय संस्कृति ज्ञान परीक्षा के जिला संयोजक पंडित राधेश्याम तिवारी ने बताया कि आज के बच्चे ही कल के भविष्य हैं। वर्तमान परिवेश में भारतीय संस्कृति को बच्चों में विकसित करने की विशेष आवश्यकता है। बताया कि इस परीक्षा से बच्चों में अनेकों जानकारी विकसित हुई है।
परीक्षा को सम्पन्न कराने में गायत्री परिवार के
कौशल किशोर वैश्य,सत्य देव पाल, विनोद सिंह ,सुरेन्द्र बहादुर सिंह राम गंज,राम यश मौर्य, अविनाश सिंह शाहगढ़, आलोक सिंह, जनमेजय तिवारी बहादुरपुर, अखिलेश तिवारी,अशोक मिश्र गौरीगंज, शिवकुमार मिश्रा,शीतला बक्श सिंह जामों, राणा प्रताप सिंह ,ब्रजेश सिंह संंग्राम पुर,कैलाश नाथ सिंह ,रजवंत सिंह अमेठी, सत्यम अग्रहरि, विजय बहादुर सिंह,वेद श्रीवास्तव मुसाफिरखाना का सराहनीय योगदान रहा।

