कालीनों को लेकर धारणा मे आया बड़ा बदलाव।
धारा लक्ष्य समाचार पत्र
वाराणसी इंडस्ट्रियल एस्टेट चांदपुर वाराणसी स्थित खुशी एंटरप्राइजेज के कार्पेट एक्सपीरियंस मेटर ने अपना सफल वर्ष पूरा कर लिया है। यह भारत का पहला और एकमात्र केंद्र है जहाँ आनंद को को कालीनों को छूकर देखकर और समझ कर वास्तविक अनुभव प्राप्त होता है एक ही छत के नीचे भारत मैं निर्मित लगभग सभी प्रकार के कलियों को प्रदर्शित किया गया है ।
जिसमें लोग देश की समृद्ध कालीन विरासत को नजदीक से समस्त पाते हैं इस पहल के माध्यम से वाराणसी का यह कारपेट एक्सपीरियंस सेंटर देश की हस्तशिल्प परंपरा एवं कला को प्रोत्साहित कर रहा है तथा स्थानीय कार्यक्रमों की अधिक से अधिक रोजगार के अवसर प्राप्त करने की दिशा में कार्यरत है।
खुशी इंटरप्राइजेज के संस्थापक हुसैन जाकर हुसैनी ने बताया कि पिछले 1 वर्ष में बड़ी संख्या में लोग कारपेट एक्सपीरियंस सेंटर का दौरा कर चुके हैं अधिकांश आकृतिकों के लिए यह जानना चार का विषय है कि भारत विश्व का सबसे बड़ा कालीन उत्पादक देश है जहां 20 लाख से अधिक लोग ईस उद्योग से जुड़े हुए हैं ।
अगर तू कौन है अभी स्वीकार किया है कि उन्होंने हमेशा कालीनों एक लग्जरी उत्पाद माना है लेकिन इस केंद्र से इनकी सोच बदल दी कालीन सभी वर्गों के लिए सुलभ एवं उपयोगी है। केंद्र भविष्य में एक अनोखी पाल शुरू करने जा रहा है जिसके तहत लोग काली निर्माण प्रक्रिया में भाग ले सकेंगे।
इससे कल के प्रति समझ बढ़ेगी और वह अपनी पसंद का स्वयं डिजाइन किया हुआ कॉलिंग बनाने का अनुभव प्राप्त कर सकेंगे जो उनके लिए अत्यंत संतोषजनक और यादगार होगाकॉर्पोरेट एक्सपीरियंस सेंटर प्रतिदिन सुबह 10:00 बजे से लेकर शाम को 7:00 बजे तक खुला रहता है दीवार एवं सार्वजनिक अवकाश को छोड़कर। यहां कोई भी व्यक्ति आकर कालीनों से संबंधित किसी भी प्रकार की जानकारी मार्गदर्शन या सुझाव प्राप्त कर सकता है।

