Amethi UP : ठंड के साथ ही साथ आवारा पशु,जंगली सुअर और नीलगायों ने तोड़ी किसानों की कमर

धारा लक्ष्य समाचार पत्र

भेटुआ/अमेठी। जनपद के भेटुआ ब्लॉक क्षेत्र में कड़ाके की ठंड, शीतलहर और पाले का कहर जारी है। मौसम की इस मार से किसानों की कमर टूट गई है। पाले और तेज ठंडी हवाओं के कारण आलू, मटर और सरसों जैसी रबी की प्रमुख फसलें तेजी से खराब हो रही हैं, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है।

क्षेत्रीय किसान उमाशंकर सिंह और इंद्रकुमार पाल सहित दर्जनों किसानों ने बताया कि पाले के कारण आलू की पत्तियां झुलसने लगी हैं। मटर की फलियां प्रभावित हो रही हैं और सरसों की फसल पर भी प्रतिकूल असर पड़ रहा है। इससे पैदावार में भारी कमी आने की आशंका है।

किसानों ने यह भी बताया कि कड़ाके की ठंड के बावजूद उन्हें रात-रात भर खेतों में जागकर फसलों की रखवाली करनी पड़ रही है। आवारा पशुओं का आतंक पहले से ही परेशानी का कारण है, वहीं जंगली सूअर और नीलगाय की सक्रियता ने हालात को और गंभीर बना दिया है। ये जानवर खेतों में घुसकर फसलों को भारी नुकसान पहुंचा रहे हैं, जबकि किसान तार नेट लगाकर रखवाली कर रहे हैं।

किसानों का कहना है कि एक ओर मौसम की मार से फसलें चौपट हो रही हैं, दूसरी ओर वन्य जीवों और आवारा पशुओं से सुरक्षा की कोई ठोस व्यवस्था नहीं है। लगातार हो रहे इस नुकसान से किसानों की आर्थिक स्थिति पर भी गहरा असर पड़ रहा है।

क्षेत्रीय किसानों और भाकियू लोकशक्ति युवा जिलाध्यक्ष अमर यादव ने जिला प्रशासन से मांग की है कि पाले से प्रभावित फसलों के नुकसान का आकलन कर मुआवजे की व्यवस्था की जाए। साथ ही आवारा पशुओं व जंगली जानवरों से फसलों की सुरक्षा के लिए ठोस कदम उठाए जाएं।

---------------------------------------------------------------------------------------------------

Related posts