धारा लक्ष्य समाचार पत्र
बाराबंकी। जनपद की अमन-पसंद सरज़मीं शुक्रवार दोपहर खून से लाल हो गई, जब जुमे की नमाज़ अदा करने जा रहे मशहूर वकील और समाजसेवी शोएब किदवई (बॉबी) पर दिनदहाड़े जानलेवा हमला कर दिया गया। वही घटना से पुलिस की सक्रियता की पोल खुल गई, जिले के अधिवक्ताओं में काफी आक्रोश देखने को मिला।
यह सनसनीखेज वारदात नगर कोतवाली क्षेत्र अंतर्गत लखनऊ–अयोध्या हाईवे पर स्थित असेनी मोड़ के पास करीब दोपहर एक बजे हुई। हमलावरों ने लखनऊ की ओर से आ रही कार को निशाना बनाते हुए ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अचानक गोलियों की गूंज से हाईवे दहल उठा। लोग इधर-उधर भागने लगे। कुछ ही क्षणों में सड़क पर अफरा-तफरी और चीख-पुकार का मंजर था।
मौके से कारतूस के पांच खाली खोखे बरामद हुए हैं, जिससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि हमलावर पूरी साजिश और तैयारी के साथ आए थे। गंभीर रूप से घायल शोएब किदवई को पुलिस ने तत्काल अस्पताल पहुंचाया, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। जैसे ही उनके इंतकाल की खबर फैली, पूरे जिले में मातम पसर गया। पूर्व बार के अध्यक्ष के हिसाल बारी के मुताबिक शोएब किदवई ‘बॉबी’ जुमे की नमाज़ पढ़ने के लिए आ रहे थे। इस तरह गोलियां बरसाए जाने की घटना ने लोगों के दिल दहला दिए हैं।
अदालत परिसर में साथी वकील ग़मगीन नज़र आए। कई अधिवक्ताओं की आंखें नम थीं। शहर की आवाम भी जिला अस्पताल में फफक-फफक कर रोती दिखाई दी। हर ज़ुबान पर एक ही सवाल था “आख़िर क्यों?” शोएब किदवई को जिले में एक सौम्य, शांत और साफ-सुथरी छवि वाले व्यक्ति के रूप में जाना जाता था। वे पूर्व में बहुजन समाज पार्टी से ज्येष्ठ उप ब्लॉक प्रमुख रह चुके थे और सामाजिक-राजनीतिक गतिविधियों में सक्रिय भूमिका निभाते थे।
उनका संबंध एक प्रतिष्ठित साहित्यिक परिवार से भी था। वे मरहूम शायर डॉ. सागर आज़मी के बेटे जावेद आज़मी के साले थे। इस घटना से शोक की लहर दौड़ गई है।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। वरिष्ठ अधिकारी फॉरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे और साक्ष्य जुटाने शुरू कर दिए। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। पुलिस का कहना है कि घटना के हर पहलू की गहराई से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर कानून के कठघरे में खड़ा किया जाएगा।
कानून-व्यवस्था पर सवाल
दिनदहाड़े हाईवे पर इस तरह की वारदात ने कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय व्यापारी और नागरिक भयभीत हैं। पूरे जिले में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है और पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है। शहर के इलाकों में शोक का माहौल है। समर्थक, मित्र और परिचित गहरे सदमे में हैं।
अदालत परिसर से लेकर मोहल्लों तक मातमी सन्नाटा पसरा है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि दोषियों को जल्द से जल्द गिरफ्तार कर कठोरतम सज़ा दी जाए, ताकि आमजन का कानून पर विश्वास कायम रह सके।
एक इबादत के लिए निकला शख्स यूं सरेआम गोलियों का निशाना बन जाए—यह मंजर बाराबंकी की यादों में लंबे समय तक टीस बनकर रहेगा।पुलिस ने लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से बचने की अपील की है।

अधिवक्ताओं में उबाल, 48 घंटे में खुलासा नहीं हुआ तो होगा आंदोलन: अध्यक्ष
बाराबंकी जनपद के समाजसेवी अधिवक्ता शुएब किदवाई की असेनी मोड़ के पास की गईं निर्मम हत्या के अभियुक्तों की 48 घंटे में गिरफ़्तारी का जिला बार एसोसिएशन बाराबंकी ने दिया प्रशासन को अल्टीमेटम।
घटना की जानकारी के बाद नरेंद्र वर्मा अध्यक्ष नें तत्काल जिला बार की आपात कालीन बैठक कर पुलिस कप्तान बाराबंकी अर्पित विजयवर्गीय से मिलकर घटना का शीघ्र पर्दाफाश करने करने को कहा, l यदि 48 घंटे में हत्यारों कि गिरफ़्तारी न हुई तो 16 फरवरी को बड़ा आंदोलन होगा जिसकी समस्त जिम्मेदारी पुलिस प्रशासन कि होगी।

