11मार्च को लखनऊ में ‘गो प्रतिष्ठा धर्मयुद्ध’ का शंखनाद, 7 मार्च से काशी से प्रस्थान
वाराणसी, श्री विद्या मठ, काशी में आयोजित प्रेस वार्ता में ‘गो प्रतिष्ठा धर्मयुद्ध’ की घोषणा की गई। वक्ताओं ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को दी गई ४० दिनों की समय-सीमा में से 30 दिन बीत चुके हैं, किंतु गोमाता को ‘राज्यमाता’ घोषित करने तथा उत्तर प्रदेश से बीफ निर्यात पर पूर्ण प्रतिबंध सहित पंचसूत्रीय मांगों पर कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है।
आयोजकों ने स्पष्ट किया कि यह धर्मयुद्ध पूर्णतः अहिंसक और वैचारिक होगा। 6 मार्च को काशी के शंकराचार्य घाट पर संकल्प दिवस मनाया जाएगा तथा 7 मार्च को श्री विद्या मठ से ‘गोप्रतिष्ठार्थ धर्मयुद्ध शंखनाद यात्रा’ लखनऊ के लिए रवाना होगी। यात्रा जौनपुर, सुल्तानपुर, रायबरेली, उन्नाव और नैमिषारण्य होते हुए 10 मार्च को लखनऊ पहुंचेगी।
निर्णायक कार्यक्रम 11 मार्च 2026 को दोपहर 2.15 बजे से कांशीराम स्मृति सांस्कृतिक स्थल, आशियाना, लखनऊ में आयोजित होगा, जहां ‘धर्मयुद्ध शंखनाद’ के साथ आगे की रणनीति की घोषणा की जाएगी। आयोजकों ने कहा कि यदि शेष दिनों में मांगों पर निर्णय नहीं हुआ, तो इसकी जिम्मेदारी प्रदेश सरकार की होगी।

