मतदाता सूची पुनरीक्षण और गौशाला व्यवस्थाओं पर जिलाधिकारी की सख्ती, लापरवाही पर कार्रवाई के सख्त निर्देश।
धारा लक्ष्य समाचार
सीतापुर संवाददाता शफीक अहमद
सीतापुर। जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी डॉ. राजागणपति आर. ने रविवार को लहरपुर तहसील क्षेत्र में व्यापक निरीक्षण कर दो महत्वपूर्ण कार्यों—मतदाता सूची विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान (SIR) और गौशाला व्यवस्थाओं की वास्तविक स्थिति—का जायज़ा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए और कार्य में शिथिलता पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी।
मतदाता सूची पुनरीक्षण अभियान का निरीक्षण – शुद्धता और समयबद्धता पर जोर
जिलाधिकारी ने ग्राम भवानीपुर एवं ग्राम ताहपुर में चल रहे विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान का निरीक्षण किया। उन्होंने बीएलओ द्वारा गणना प्रपत्रों के वितरण, एकत्रीकरण और डिजिटाइजेशन के कार्यों की प्रगति जानी।
उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि—
प्रत्येक चरण तय समय सीमा के भीतर पूर्ण किया जाए,
किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी,
बीएलओ ऐप पर समय से डिजिटाइजेशन अनिवार्य है,
भारत निर्वाचन आयोग के सभी दिशा-निर्देशों का पूर्ण अनुपालन सुनिश्चित किया जाए।
जिलाधिकारी ने कहा कि यदि एसआईआर कार्य में ढिलाई पाई गई तो जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई तय है। उन्होंने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को कार्य में और तेजी लाने के निर्देश दिए।
ताहपुर गौशाला का औचक निरीक्षण – ठंड से बचाव व व्यवस्थाओं में सुधार के निर्देश
निरीक्षण के क्रम में जिलाधिकारी डॉ. राजागणपति आर. ने ग्राम ताहपुर स्थित गौशाला का भी औचक निरीक्षण किया। उन्होंने स्टॉक रजिस्टर, भुगतान रजिस्टर, निरीक्षण पंजिका, हरे चारे की उपलब्धता, अलाव, तिरपाल तथा पशुओं के लिए चिकित्सीय सुविधाओं की विस्तार से जांच की।
उन्होंने निर्देश दिए कि—
पशुओं के लिए भूसा, हरा चारा, स्वच्छ पानी और पर्याप्त अलाव की व्यवस्था सुनिश्चित हो,
ठंड के मौसम को ध्यान में रखते हुए आश्रयस्थल में गर्माहट के पुख्ता इंतजाम हों,
गौशाला से जुड़े लंबित भुगतान समयबद्ध तरीके से निस्तारित किए जाएं,
बीमार पशुओं के लिए तुरंत उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए,
संबंधित अधिकारी नियमित निरीक्षण कर समय पर रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
निरीक्षण के दौरान उपजिलाधिकारी लहरपुर आकांक्षा गौतम सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
जिलाधिकारी के इस संयुक्त निरीक्षण से स्पष्ट संदेश गया कि शासन की योजनाएं और व्यवस्थाएं पूर्ण पारदर्शिता, समयबद्धता तथा उच्च गुणवत्ता के साथ लागू होना आवश्यक है।

