Balrampur Uttar Pradesh: शहीद जवान शिव कुमार राना को नम आंखों से अंतिम विदाई, वीर सपूत की शहादत पर उमड़ा जनसैलाब

धारा लक्ष्य समाचार पत्र 

आमिर खान/वसीम अहमद

बलरामपुर
देश की रक्षा करते हुए अपने प्राण न्योछावर करने वाले विकासखंड पचपेड़वा क्षेत्र के विशुनपुर विश्राम गांव निवासी सीआरपीएफ हवलदार/जीडी शिव कुमार राना (45 वर्ष) को शनिवार को पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। वीर जवान की शहादत से न सिर्फ उनका परिवार, बल्कि पूरा क्षेत्र शोक में डूब गया। गांव से लेकर आसपास के इलाकों में मातम पसरा रहा और हर आंख नम नजर आई।


जानकारी के अनुसार, शुक्रवार 6 फरवरी को ड्यूटी के दौरान अचानक सीने में तेज दर्द की शिकायत होने पर हवलदार शिव कुमार राना को माई हॉस्पिटल, सेक्टर-69, एसएएस नगर (पंजाब) में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान उन्होंने अंतिम सांस ली। जैसे ही उनके निधन की खबर गांव पहुंची, लोगों को यकीन ही नहीं हुआ। हर कोई उस कर्तव्यनिष्ठ और मिलनसार जवान को याद कर भावुक हो उठा।


शनिवार को उनके पैतृक गांव से पश्चिम भांभर नाले के तट पर पूरे सैन्य और राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। तिरंगे में लिपटे शहीद के पार्थिव शरीर को देख लोगों की आंखें भर आईं। सीआरपीएफ के जवानों ने गार्ड ऑफ ऑनर देकर अपने वीर साथी को अंतिम सलामी दी। इस दौरान ‘भारत माता की जय’, ‘शिव कुमार राना अमर रहें’ और ‘जब तक सूरज चांद रहेगा, शिव कुमार तेरा नाम रहेगा’ के नारों से माहौल गूंज उठा।


सबसे भावुक पल तब आया, जब शहीद के 13 वर्षीय पुत्र सत्येंद्र ने कांपते हाथों से पिता को मुखाग्नि दी। यह दृश्य देखकर मौजूद हर व्यक्ति की आंखें छलक पड़ीं। शहीद अपने पीछे पत्नी मीना देवी, दो बेटियां रेनू (24), अंकिता (20) और बेटे सत्येंद्र को छोड़ गए हैं।
वर्ष 2003 में हरियाणा से सीआरपीएफ में भर्ती हुए शिव कुमार राणा अपने अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और देशभक्ति के लिए जाने जाते थे।

अंतिम संस्कार में सपा विधायक राकेश कुमार यादव, जिला पंचायत सदस्य साजिद खान, शकील अहमद, महबूब आलम, प्रशासनिक अधिकारी और सैकड़ों ग्रामीण मौजूद रहे। सभी ने शहीद को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की।

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