अधिकार सेना का प्रदर्शन, राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन।
चंदौली, 27 मई 2026। अन्याय और अत्याचार के विरुद्ध संविधान एवं नागरिक अधिकारों की रक्षा की मांग को लेकर आजाद अधिकार सेना के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने बुधवार को जिला मुख्यालय पर प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रपति के नाम संबोधित ज्ञापन प्रशासनिक अधिकारियों को सौंपकर लोकतांत्रिक मूल्यों और संवैधानिक अधिकारों की रक्षा की मांग उठाई।
ज्ञापन में कहा गया कि वर्तमान समय में आम नागरिकों के बीच यह भावना बढ़ रही है कि उनकी समस्याओं की सुनवाई कम हो रही है तथा प्रशासनिक कठोरता बढ़ती जा रही है। संगठन ने आरोप लगाया कि गरीब, किसान, युवा और कमजोर वर्ग दबाव में हैं तथा न्याय प्राप्त करने की प्रक्रिया कठिन होती जा रही है।
संगठन ने इसे किसी व्यक्ति विशेष का विरोध न बताते हुए व्यवस्था में न्याय और संवेदनशीलता का मुद्दा बताया। ज्ञापन में यह भी कहा गया कि शासन और प्रशासन द्वारा संविधान का समुचित सम्मान नहीं किया जा रहा है तथा लोकतंत्र में भय का वातावरण बनाकर आवाज दबाने की कोशिश की जा रही है।
आजाद अधिकार सेना ने केंद्र एवं राज्य सरकारों से निर्दोष नागरिकों के उत्पीड़न पर रोक लगाने, प्रशासनिक कार्यवाहियों को संविधान और कानून के दायरे में करने, गरीबों, किसानों, युवाओं और महिलाओं की शिकायतों पर त्वरित सुनवाई सुनिश्चित करने, फर्जी मुकदमों और भ्रष्टाचार पर नियंत्रण लगाने, पुलिस एवं प्रशासन की जवाबदेही तय करने तथा लोकतांत्रिक विरोध और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता की रक्षा करने की मांग की।
इस अवसर पर मंडल अध्यक्ष सुरेश सेठ, जिला अध्यक्ष उपेंद्र उपाध्याय, संगठन मंत्री पंकज तिवारी, नगर अध्यक्ष आशीष कुमार श्रीवास्तव, सक्रिय सदस्य गोपाल सेठ, प्रचार-प्रसार मंत्री प्रदीप राय तथा सदस्य सुनील सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे। ज्ञापन ADM राजेश कुमार को सौंपा गया।
