शिव धनुष भंजन प्रसंग से भावविभोर हुए श्रद्धालु
वाराणसी। अखिल भारतीय सनातन न्यास, जैतपुरा द्वारा आयोजित रामकथा के पंचम दिवस पर पातालपुरी पीठाधीश्वर जगद्गुरु बालक देवाचार्य महाराज ने राम-सीता स्वयंवर एवं शिव धनुष भंजन प्रसंग का वर्णन करते हुए कहा कि प्रभु श्रीराम ने सहज भाव से शिव धनुष तोड़कर महाराज जनक सहित समस्त जनसमूह को संतुष्ट किया। उन्होंने बताया कि जनकपुर के निवासी भी श्रीराम को सीता के वर के रूप में पाने की कामना कर रहे थे।
कथाव्यास पं. वेद प्रकाश मिश्र ‘कलाधर’ ने सीता-राम जयमाल की दिव्य झांकी का भावपूर्ण वर्णन किया। कार्यक्रम का संचालन प्रधान सचिव राजेश सेठ ने किया। अंत में श्रद्धालुओं ने व्यासपीठ की आरती उतारकर कथा का पुण्य लाभ प्राप्त किया।
