दया शुगर मिल प्रबंधन पर किसानों और कर्मचारियों को गुमराह करने का आरोप – मिल चलाने को लेकर अब तक स्थिति स्पष्ट नहीं
धारा लक्ष्य समाचार
गागलहेड़ी।
भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) की पंचायत सोमवार को निरीक्षण भवन मक्काबांस में आयोजित की गई – पंचायत की अध्यक्षता मास्टर रघुवीर ने की तथा संचालन नरेंद्र यादव ने किया – पंचायत में क्षेत्र की दया शुगर मिल को चालू कराने और किसानों की समस्याओं को लेकर चर्चा की गई – इस दौरान किसानों ने 22 अक्टूबर को गागलहेड़ी के अग्रसेन चौक पर एकत्र होकर वहाँ से पैदल मार्च करते हुए गन्ना जिलाधिकारी कार्यालय का घेराव करने और धरना-प्रदर्शन करने का निर्णय लिया – पंचायत में मंडल सचिव डॉ. नरेश यादव ने कहा कि क्षेत्रीय किसानों की पूर्व में चुन्हेटी शेख में हुई पंचायत में जिला गन्ना अधिकारी कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन और गागलहेड़ी से पैदल मार्च निकालने का निर्णय लिया गया था – इसके दो दिन बाद मिल प्रबंधन की ओर से जानकारी दी गई कि अरुण भाटी ने मिल लीज पर ले ली है और मिल को चलाया जाएगा – इस आश्वासन के बाद किसानों ने अपना आंदोलन अगली कार्रवाई तक स्थगित कर दिया था – डॉ. नरेश यादव ने आरोप लगाया कि मिल प्रबंधन लगातार किसानों को गुमराह कर रहा है और शासन की ओर से भी अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है इससे क्षेत्र के किसानों में भारी रोष है – पंचायत में किसानों ने एकजुट होकर आंदोलन को आगे बढ़ाने का फैसला लिया – वहीं मिल कर्मचारियों के प्रतिनिधिमंडल ने पंचायत में बताया कि मिल प्रबंधन की ओर से अभी तक आवश्यक सामान उपलब्ध नहीं कराया गया है और न ही मरम्मत का कोई कार्य शुरू हुआ है – कर्मचारियों ने भी प्रबंधन पर गुमराह करने का आरोप लगाया – पंचायत में राहुल त्यागी ने क्षेत्रीय किसानों से 22 अक्टूबर को होने वाले धरना-प्रदर्शन में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचने की अपील की है।
