केंद्र सरकार से प्रस्तावित शुल्क वापस लेने की मांग, डीएम के माध्यम से भेजा ज्ञापन।
धारा लक्ष्य समाचार पत्र
रिपोर्टर रोहित मिश्रा रायबरेली
रायबरेली। यूपीआई भुगतान पर प्रस्तावित 0.4 प्रतिशत एमडीआर को लेकर व्यापारियों में नाराजगी बढ़ गई है। उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल ने जिलाधिकारी के माध्यम से केंद्र सरकार को ज्ञापन भेजकर प्रस्तावित शुल्क को तत्काल वापस लेने की मांग की है।व्यापारी नेताओं ने कहा कि यूपीआई आज छोटे-बड़े व्यापारियों और आम उपभोक्ताओं के लिए डिजिटल भुगतान का प्रमुख माध्यम बन चुका है। ऐसे में लेन-देन पर अतिरिक्त शुल्क लगाए जाने से खासकर छोटे और मध्यम व्यापारियों पर आर्थिक बोझ बढ़ेगा।
व्यापार मंडल के पदाधिकारियों का कहना है कि व्यापारी पहले से ही टैक्स, बैंकिंग खर्च, किराया, बिजली और अन्य बढ़ती व्यावसायिक लागतों से प्रभावित हैं। ऐसे में 0.4 प्रतिशत एमडीआर लागू होने पर व्यापार की लागत में और वृद्धि होगी।
व्यापारी संगठन ने प्रस्तावित शुल्क पर आपत्ति जताते हुए कहा कि 15 अक्टूबर 2026 से लागू किए जाने वाले 0.4 प्रतिशत एमडीआर को वापस लिया जाए और यूपीआई भुगतान को अतिरिक्त शुल्क से मुक्त रखा जाए।
