धारा लक्ष्य समाचार पत्र
चंडीगढ़। हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने राज्य में संचालित क्लीन एयर प्रोजेक्ट तथा आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) डेवलपमेंट प्रोग्राम की विस्तृत समीक्षा करते हुए अधिकारियों को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार स्वच्छ वातावरण और आधुनिक तकनीक के माध्यम से हरियाणा को विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि हरियाणा क्लीन एयर प्रोजेक्ट के अंतर्गत राज्य में वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने तथा पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए 3647 करोड़ रुपये की राशि खर्च की जाएगी। इस परियोजना के माध्यम से प्रदूषण के स्रोतों की पहचान कर उन्हें नियंत्रित करने, हरित क्षेत्र बढ़ाने तथा लोगों को स्वच्छ हवा उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न योजनाएं लागू की जाएंगी।
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने हरियाणा एआई डेवलपमेंट प्रोग्राम की भी समीक्षा की। उन्होंने बताया कि प्रदेश में डिजिटल और तकनीकी विकास को गति देने के उद्देश्य से पंचकूला में स्टेट एआई डाटा सेंटर तथा गुरुग्राम में ग्लोबल आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सेंटर (GAIC) स्थापित किया जा रहा है। इन दोनों परियोजनाओं पर लगभग 474 करोड़ रुपये की लागत आएगी।
श्री सैनी ने कहा कि हरियाणा का अपना अत्याधुनिक एआई आधारित स्टेट डाटा सेंटर होगा, जहां विभिन्न विभागों से प्राप्त आंकड़ों का पारदर्शी और व्यवस्थित संग्रहण किया जाएगा। इससे सरकारी योजनाओं की निगरानी, विश्लेषण और क्रियान्वयन में तेजी आएगी। साथ ही, एकत्रित आंकड़ों का पीपीपी (पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप) मॉडल के माध्यम से सत्यापन और मिलान भी किया जा सकेगा, जिससे डेटा की विश्वसनीयता और सटीकता सुनिश्चित होगी।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि नई तकनीकों का उपयोग कर शासन व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, जवाबदेह और जनहितैषी बनाया जाए। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि क्लीन एयर प्रोजेक्ट और एआई आधारित पहलें हरियाणा को पर्यावरण संरक्षण तथा डिजिटल नवाचार के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी।
उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य स्वच्छ पर्यावरण, आधुनिक तकनीक और बेहतर प्रशासन के माध्यम से नागरिकों को गुणवत्तापूर्ण सेवाएं उपलब्ध कराना है, ताकि हरियाणा विकास और सुशासन का मॉडल राज्य बन सके।
